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अभिषेक बनर्जी सहित तृणमूल के 5 नेताओं के खिलाफ त्रिपुरा में मामला दर्ज

अगरतला। त्रिपुरा के खोवाई थाने में तृणमूल कांग्रेस के राष्ट्रीय महासचिव अभिषेक बंदोपाध्याय के खिलाफ त्रिपुरा पुलिस ने मामला दायर किया है। इसके साथ ही ब्रात्य बसु, दोला सेन, कुणाल घोष के अलावा त्रिपुरा के तृणमूल नेता सुबोल भौमिक के खिलाफ भी पुलिस ने मामला दर्ज किया है। ज्ञात हो कि खोवाई थाने की पुलिस ने महामारी कानून के तहत देवांशु भट्टाचार्य, सुदीप राहा, जाया दत्ता सहित 14 तृणमूल नेता कर्मियों को गिरफ्तार किया था। गिरफ्तार लोगों को छुड़वाने के लिए अभिषेक बंदोपाध्याय, शिक्षा मंत्री ब्रात्य बसु, कुणाल घोष आदि नेताओं का पुलिसकर्मियों से वाद विवाद हुआ था। इसी बीच खबर है कि रविवार को खोवाई थाने की घटना को ले कल देर रात सांसद अभिषेक बनर्जी, तृणमूल की राज्य सभा सांसद दोला सेन, शिक्षा मंत्री ब्रात्य बसु, त्रिपुरा के तृणमूल नेता सुबोल भूमि के खिलाफ त्रिपुरा पुलिस ने धारा186 /34 के तहत स्वतः प्रनोदित मामला दर्ज किया है। इन नेताओ के खिलाफ कर्तव्यरत पुलिस अधिकारी को उनके काम में बाधा देने का आरोप है।

अंतरिक्ष में भारत की एक और छलांग, कल EOS-03 का अंतरिक्ष में प्रक्षेपण

श्रीहरिकोटा । आने वाले15 अगस्त, रविवार को पूरा देश आजादी की वर्षगांठ मनाने जा रहा है। इससे पहले गुरुवार को भारतीय अंतरिक्ष अनुसंधान संगठन यानी आईएसआरओ अंतरिक्ष अनुसंधान के मामले में एक और इतिहास रचने वाला है। गुरुवार को इसरो ईओएस- 03 उपग्रह का प्रक्षेपण करने वाला है। यह उपग्रह देश में आने वाली बाढ़ और चक्रवात जैसी आपदाओं के निगरानी कर पाएगा। इसरो की तरफ से ट्वीट करके बताया गया है कि जियोसिंक्रोनस सैटलाइट लॉन्च व्हीकल एफ 10 ईओएस 03 के प्रक्षेपण के लिए सतीश धवन अंतरिक्ष केंद्र श्रीहरिकोटा से काउंटडाउन शुरू हो चुका है। 12 अगस्त को सुबह 5:43 मिनट पर इस उपग्रह का प्रक्षेपण किया जाना है। हालांकि सबकुछ मौसम की स्थिति पर निर्भर करेगा। इस उपग्रह कि खासियत है कि एक दिन में पूरे देश की चार पांच बार तस्वीर लेगा जो मौसम और पर्यावरण परिवर्तन से संबंधित डाटा भेजेगा। यह उपग्रह भारतीय उपमहाद्वीप में बाढ़ और चक्रवात जैसी प्राकृतिक आपदाओं का करीब-करीब सटीक समय का पता लगाने में सक्षम होगा।

आज पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी ने पश्चिमी मेदिनीपुर के बाढ़ प्रभावित घटाल नामक क्षेत्र का दौरा किया। उन्होंने कहा कि घटाल की भौगोलिक स्थिति ऐसी है कि यहां के लोगों को हर साल पानी की कमी से जूझना पड़ता है और केंद्र सरकार को इस क्षेत्र के लिए मास्टर प्लान बनाना चाहिए ।  ऐसी स्थिति से निजात पाने के लिए केंद्र सरकार को घटाल मास्टर प्लान जल्द से जल्द लागू करना चाहिए ,जबकि केंद्र सरकार इस पर कोई पहल नहीं कर रही है।संसद में बार-बार आवाज उठाने पर भी केंद्र सरकार इस पर कोई कार्य नहीं कर रही है। मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य सरकार बाढ़ पीड़ितों के लिए सहायता और सेवा प्रदान कर रही है। उन्होंने वहां के लोगों से भी मुलाकात की उन्होंने राहत शिविरों का भी दौरा किया और अधिकारियों को हर संभव मदद प्रदान करने का आदेश दिया वे श्री श्री अनुकूल ठाकुर के आश्रम में भी गई और श्रद्धांजलि भी दी।

परेशान लोग पूछ रहे, कब बनेगा स्थाई पुल

पुल है, लेकिन जर्जर और बीचों-बीच से धंसा हुआ। इसके बावजूद इसी पुल से हर वक्त छोटे-बड़े वाहन गुजरते रहते हैं। परिणाम कभी भी किसी बड़ी दुर्घटना में बदल सकता है। यह हाल है उत्तर दिनाजपुर जिले के इस्लामपुर प्रखंड के काला नागिन इलाके का, जहां से होकर शेरवानी नदी बहती है। इसी शेरवानी नदी पर ये जर्जर पुल स्थित है। नदी के एक छोर पर काला नागिन स्टेट बैंक तो दूसरी छोर पर ग्राम पंचायत है। स्थानीय लोगों को अपने काम से बार-बार पुल से यातायात करना पड़ता है, पर पुल का हाल तो बेहाल है। लंबे समय से इलाके के लोग इस जर्जर पुल की जगह एक स्थाई सेतु की मांग कर रहे हैं, लेकिन अब तक स्थानीय लोगों की मांग पूरी नहीं हो रही है। स्थानीय लोगों को खासकर बारिश के दिनों में काफी परेशानियों का सामना करना पड़ता है। नदी के दोनों तरफ के लोगों को काम के सिलसिले में नदी को पार करना पड़ता है। स्थानीय सदस्य हबीबुर्रहमान ने बताया कि उत्तरबंग विकास विभाग की तरफ से पुल के लिए मिट्टी जांच हुई थी, लेकिन जहां तक वे जानते हैं, फंड के अभाव में यह काम रुका हुआ है। इसके बावजूद गत पंचायत के समय यातायात के लिए एक काम चलाऊ पुल बनाया गया था। उन्होंने यह भी कहा कि यहां पुल का निर्माण जरूरी है, क्योंकि नदी के दोनों ओर लोगों का निवास है। पुल अगर बनता है, तो नदी के दोनों और के गांव के लोगों को सहूलियत होगी।

केंद्रीय रक्षामंत्री राजनाथ सिंह से मिला गोरखा प्रतिनिधिमंडल

सिलीगुड़ी । दार्जिलिंग के सांसद राजू बिष्ट के नेतृत्व में आज गोरखा प्रतिनिधियों का एक प्रतिनिधिमंडल केंद्रीय रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह से मिला।

प्रतिनिधिमंडल में सांसद के अलावा क्रामाकपा नेता आरबी राई, जीएनएलएफ नेता मन घीसिंग, दार्जिलिंग के विधायक नीरज जिंबा, कर्सियांग के विधायक पीबी बजगई और कल्याण देवान शामिल थे। इन नेताओं ने दार्जिलिंग पर्वतीय क्षेत्र से संबंधित विभिन्न मुद्दों और रक्षा सेवाओं में गोरखा युवाओं की भर्ती के संबंध में रक्षा मंत्री के साथ चर्चा की। प्रतिनिधि मंडल ने केंद्रीय रक्षा मंत्री को गोरखा युवाओं को शैक्षेणिक छूट देने के लिए धन्यवाद दिया, साथ ही उनसे अनुरोध किया कि जलापहाड़ से आयोजित भर्ती रैलियों की आवृत्ति में वृद्धि की जाए, ताकि दार्जिलिंग पहाड़ी, तराई और डूआर्स से अधिक से अधिक युवाओं को भारतीय सेना में भर्ती का अवसर प्राप्त हो सके। यह भी अनुरोध किया गया कि जिस प्रकार सशस्त्र बलों की कुछ शाखाओं में जीटीए क्षेत्र के लोगों को छूट दी जाती है उसी तरह तराई और डूआर्स सहित पूरे देश के गोरखा को यह छूट मिले। सांसद ने दार्जिलिंग में सैनिक स्कूल की स्थापना में हो रही देरी के लिए भी रक्षा मंत्री के हस्तक्षेप की मांग की। बताया गया है कि रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने प्रतिनिधि मंडल के सभी मांगों पर विचार करने का आश्वासन दिया है।

सीमावर्ती इलाके में बीएसएफ कितनी चौकस । किन सामानों की हुई जब्ती, कौन हुआ गिरफ्तार — जाने।

सिलीगुड़ी। सीमा सुरक्षा बल, सीमान्त मुख्यालय उत्तर बंगाल एवं इसके अधीनस्थ बटालियनों के द्वारा सीमा पर लगातार चौकसी बरती जा रही है। बल के जवान बारिश के मौसम तथा विपरीत परिस्थितीयों में भी अनवरत सीमा की चैकसी में तैनात हैं। सीमान्त मुख्यालय उत्तर बंगाल के महानिरीक्षक श्री रवि गांधी के नेतृत्व में सीमा सुरक्षा बल के सीमा पर तैनात जवानों की तत्परता पूर्ण कार्यवाही में दिनांक 02 से 07 अगस्त 2021 को तस्कर विरोधी अभियान के दौरान विभिन्न सीमा चौकियों के द्वारा 178 बोतल फेनसिडाईल, एम0 के0 डाईल, ईस्कफ कफ सिरप, 67 मवेशियों, 03 किलोग्राम गांजा तथा अन्य मिश्रित सामान को जब्त किया, जिसकी अनुमानित कुल कीमत लगभग 10,48,060/- रुपये आँकी गयी है। तस्करों का उद्वेश्य फेनसिडाईल, एम0 के0 डाईल, ईस्कफ कफ सिरप, मवेशियों, गांजा तथा अन्य मिश्रित सामान को तस्करी द्वारा बंग्लादेश ले जाने का था।

उपरोक्त के अलावा, दिनांक 07 अगस्त 2021 को उत्तर बंगाल फ्रंटियर सीमा सुरक्षा बल के 175 वीं वाहिनी सीमा सुरक्षा बल के बहादुर जवानों ने गुप्त सूचना के आधार पर कार्रवाई करते हुए एक बांग्लादेशी तस्कर मोहम्मद हाकिम (26 वर्ष) पुत्र जावेद अली निवासी गांव-मासुनगाॅव, पोस्ट आफिस-जीवनपुर, पुलिस स्टेशन-हरीपुर, जिला-ठाकुरगाॅव, बांग्लादेश को 100 बोतल फेनसिडाईल कफ सिरप तथा 01 मोबाईल फोन के साथ उस समय गिरफ्तार किया जब वह सीमा चौकी मकरहाट के इलाके में अंतरराष्ट्रीय सीमा के नजदीक भारत से बांग्लादेश में फेनसिडाईल कफ सिरप की तस्करी करने की कोशिश कर रहा था। पूछताछ के दौरान, उसने खुलासा किया कि वह फेनसिडाईल कफ सिरप की तस्करी के इरादे से अंतर्राष्ट्रीय सीमा को पासकर भारतीय क्षेत्र में प्रवेश किया था। हाॅलांकि, सीमा सुरक्षा बल के सक्रिय और सतर्क जवानों ने उसे फेनसिडाईल कफ सिरप के साथ अंतरराष्ट्रीय सीमा के पास से पकड़ लिया। कानूनी औपचारिकताएं पूरी करने के बाद उसे आगे की कानूनी कार्रवाई के लिए नजदीकी पुलिस स्टेशन को सौंप दिया जायेगा।

पहाड़ की समस्याओं को ले सितंबर में केंद्र सरकार करेगी त्रिपक्षीय बैठक

सिलीगुड़ी। दार्जिलिंग पर्वतीय क्षेत्र की जनता के कल्याण के लिए एवं क्षेत्र की समस्याओं के स्थाई समाधान हेतु केंद्र सरकार सितंबर महीने में त्रिपक्षीय बैठक बुलाने जा रही है। इस संबंध में इस महीने सभी पक्षों को निमंत्रण पत्र भेजा जाएगा। शुक्रवार को दार्जिलिंग पहाड़ के विभिन्न दलों के प्रतिनिधियों को लेकर दार्जिलिंग के सांसद राजू बिष्ट ने केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह के साथ बैठक की। बैठक में दार्जिलिंग के विधायक नीरज जिंबा, कर्सियांग के विधायक बीपी बजगई, क्रामाकपा प्रमुख आरबी राई, गोरामुमो प्रमुख मन घीसिंग एवं भाजपा नेता कल्याण देवान भी मौजूद थे। बैठक के बाद सांसद राजू बिष्ट ने दावा किया कि दार्जिलिंग पहाड़ सहित डूवार्स तराई की समस्याओं व उनके राजनीतिक समाधान को लेकर गृह मंत्री के साथ विस्तृत चर्चा हुई। इसके साथ ही गोरखा जनगोष्ठियों के अनुसूचित जनजाति में शामिल करने पर भी बात हुई। केंद्र सरकार पहाड़ की समस्या के समाधान के लिए सितंबर महीने में त्रिपक्षीय बैठक बुलाने जा रही है। संभवत सितंबर महीने के पहले सप्ताह में बैठक होगी और इस बैठक के लिए विभिन्न दलों को 12 अगस्त तक निमंत्रण पत्र भेजा जा सकता है। ज्ञात हो कि पिछले साल भी केंद्र सरकार ने पहाड़ की समस्या को लेकर त्रिपक्षीय बैठक बुलाई थी, लेकिन राज्य सरकार ने इस बैठक में भाग नहीं लिया था, जिसके कारण बैठक विफल हो गई थी। पहाड़ की समस्या को लेकर इससे पहले भी कई बार त्रिपक्षीय बैठक हो चुकी है। 2011 में भी एक त्रिपक्षीय बैठक हुई थी, जिसके बाद गोरखालैंड टेरिटोरियल एडमिनिस्ट्रेशन के गठन का निर्णय लिया गया था। लेकिन बाद के कुछ सालों में पहाड़ पर राजनैतिक अस्थिरताओं के चलते कुछ खास नहीं हो पाया था। इसी बीच पहाड़ की समस्या के समाधान की मांग को लेकर गत एक अगस्त से अखिल भारतीय गोरखा लीग के प्रतिनिधि अनशन पर बैठ गए थे, लेकिन अब केंद्र सरकार की इस पहल के बाद शुक्रवार को यह अनशन खत्म कर दिया है।

उत्तर बंगाल में बनेंगे 6 स्थाई कोविड अस्पताल

कूचबिहार। राज्य में कोरोना के हालात हालांकि कुछ सुधरे है, इसके बावजूद राज्य सरकार का स्वास्थ्य विभाग कोरोना की आने वाले तीसरी लहर के मद्देनजर पूरी तरह से तैयार दिख रहा है। अब उत्तर बंगाल में 6 स्थानों पर स्थाई कोविड अस्पताल बनाने की योजना स्वास्थ्य विभाग ने ली है। कूचबिहार में एक कार्यक्रम में भाग लेने आए जन स्वास्थ्य विभाग के उत्तर बंगाल के प्रभारी अधिकारी (ओएसडी) सुशांत राय ने इसकी जानकारी पत्रकारों को दी। श्री राय ने बताया कि कूचबिहार, अलीपुरद्वार, फालाकाटा, कालिमपोंग, रायगंज और मालदा में स्थाई कोविड अस्पताल बनाए जाएंगे। इन अस्पतालों में 100 बिस्तर मौजूद रहेंगे। अत्याधुनिक सुविधाओं से लैस इन अस्पतालों में कोविड-19 का इलाज किया जाएगा। अस्पतालों के निर्माण में एक से डेढ़ वर्ष तक का समय लग सकता है। ज्ञात हो कि श्री राय कूचबिहार में कोरोना को लेकर आयोजित एक प्रशासनिक बैठक में भाग ले रहे थे। उन्होंने पत्रकारों को बताया कि उत्तर बंगाल के कई अस्पतालों में ढांचागत विकास कर वहां कोविड रोगियों की चिकित्सा की जा रही है। इसके बावजूद छह स्थानों पर स्थाई कोविड-अस्पताल बनाने की परिकल्पना है और इस संबंध में योजना और लागत बनाने के लिए लोक निर्माण विभाग से कहा गया है। ज्ञात हो कि राज्य में कोरोना की गति कुछ मंद पड़ी है, पर कोरोना खत्म नहीं हुआ है। करीब-करीब हर स्थानों पर कुछ लोग रोज नए सिरे से संक्रमित पाए जाते हैं। इनमें से अधिकतर ठीक भी हो रहे हैं, इसके बावजूद लोग कोरोना की तीसरी लहर को लेकर आशंकित है। इसी के चलते राज्य सरकार का स्वास्थ्य विभाग कोरोना से लड़ने के लिए कोई कोर कसर नहीं छोड़ रहा है।

मुख्यमंत्री ने दिए संकेत : राज्य में दुर्गापूजा के बाद खुल सकते है स्कूल

कोलकाता। देश में कोरोना के मामलों में लगातार कमी के चलते कई राज्यों में स्कूल कॉलेज खुलने शुरू हो गए हैं। पश्चिम बंगाल में भी कोरोना के मामलों में कमी आई है, जिसके चलते आज राज्य सचिवालय नवान्न में राज्य की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी ने संकेत दिए हैं कि दुर्गा पूजा के बाद राज्य में वैकल्पिक दिनों में स्कूल कॉलेज खोले जा सकते हैं। राज्य में कोरोना महामारी के चलते पिछले साल से ही शिक्षा प्रतिष्ठान बंद पड़े हैं। आज कोरोना की तीसरी लहर को ले मुख्यमंत्री ने ग्लोबल एडवाइजरी कमेटी के सदस्यों के साथ राज्य सचिवालय में एक बैठक की। इस बैठक में नोबेल पुरस्कार विजेता अर्थशास्त्री अभिजीत विनायक बनर्जी भी मौजूद थे। बैठक के बाद मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य में कोरोना नियंत्रण में है। इसलिए पूजा के बाद कोरोना की परिस्थितियों का विश्लेषण कर वैकल्पिक दिनों में स्कूल कॉलेज खोलने पर विचार किया जाएगा। ज्ञात हो कि इससे पहले राज्य के शिक्षा मंत्री पार्थ चटर्जी ने कहा था कि विद्यालय सही समय पर खुलेंगे। उन्होंने कहा था कि जब यह निर्धारित हो जाएगा, कि विद्यार्थी और स्कूल के शिक्षक तथा अन्य कर्मचारी किसी भी प्रकार के जोखिम में नहीं है, तब स्कूल खोले जाएंगे। कोरोना के चलते ही राज्य में माध्यमिक और उच्च माध्यमिक की परीक्षाएं टाल दी गई थी और विद्यार्थियों के पिछले परीक्षाओं के अंक देखकर परीक्षा परिणाम घोषित किया गया था। अब जबकि कोरोना के हालत राज्य में नियंत्रित होते से जान पड़ रहे हैं, तब मुख्यमंत्री ने संकेत दिए हैं कि दुर्गा पूजा की छुट्टियों के बाद वैकल्पिक दिनों में स्कूल खोले जा सकते है। हालांकि इस पर विचार तब कोविड की परिस्थितियों की समीक्षा कर ही किया जाएगा।।

राहुल गांधी ने विपक्ष के नेताओ के साथ की बैठक, साइकिल से पहुंचे संसद

नई दिल्ली । पेगासस, महंगाई और कृषि कानून के मुद्दे पर आज कांग्रेस नेता राहुल गांधी ने विपक्ष के साथ बैठक की। राहुल गांधी के निमंत्रण पर करीब 15 दलों के नेताओं ने आज इन मुद्दों पर बातचीत की। बैठक में राहुल गांधी के अलावा एनसीपी के प्रफुल पटेल, राष्ट्रीय जनता दल के मनोज झा, शिवसेना के संजय राउत, समाजवादी पार्टी के रामगोपाल यादव, तृणमूल कांग्रेस के नेता कल्याण बनर्जी सहित अन्य नेताओं ने भी भाग लिया। इस बैठक में राहुल गांधी ने सभी नेताओं से आह्वान किया कि उक्त मुद्दों पर हमें एकजुट होकर अपनी लड़ाई लड़नी है। अगर हम संगठित होंगे तभी हमारी आवाज ज्यादा बुलंद होगी। ज्ञात हो कि यह बैठक ऐसे समय में हुई है, जब पेगासस जासूसी कांड एवं अन्य मुद्दों को लेकर दोनों सदनों में गतिरोध बना हुआ है। विपक्षी दलों का कहना कि पेगासस कांड पर पहले चर्चा कराने के लिए सरकार तैयार हो, उसके बाद ही संसद का गतिरोध खत्म होगा। बैठक के बाद महंगाई आदि पर विरोध जताने के लिए कांग्रेस नेता राहुल गांधी, लोकसभा में कांग्रेस के नेता अधीर रंजन चौधरी सहित अन्य विपक्षी सांसद साइकिल से संसद भवन पहुंचे।